UP Board Result 2021 : यूपी बोर्ड कक्षा 10वीं और 12वीं के कब आएंगे नतीजे? बिना परीक्षा के कैसे दिए जा रहे हैं नंबर?हर सवालों के जवाब यहां जाने।

0
51
यूपी बोर्ड

उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद कक्षा 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षाओं के नतीजे जुलाई के अगले सप्ताह जारी कर सकता है। 19 महामारी के चलते इस बार परीक्षाएं रद्द कर दी गई थी। इस सत्र 2020 – 21 में यूपी बोर्ड की मूल्यांकन प्रक्रिया में बदलाव हुआ है। इस प्रक्रिया में हुए बदलाव और रिजल्ट की प्रक्रिया में कुछ नवाचार भी किए जा रहे हैं। 

यूपी बोर्ड

यह भी पढ़े: COVAXIN : कोवैक्सीन को जल्द मिल सकती है ग्लोबल अप्रूवल !

यूपी बोर्ड के 56 लाख छात्रों का रिजल्ट होगा जारी

उत्तर प्रदेश में कक्षा दसवीं के करीब 30 लाखऔर कक्षा बारहवीं के करीब 26 लाख छात्र इस सत्र में नामांकन किए थे। यानी कि इस साल यूपी बोर्ड में कक्षा 10वीं और 12वीं के कुल 56 लाख से अधिक छात्रों ने अपना पंजीकरण कराया था। कोरोना के कारण इन परीक्षाओं का आयोजन नहीं हो पाया इसलिए विद्यार्थियों को नुकसान से बचाने के लिए मूल्यांकन के लिए एक विशेष योजना बनाई गई है।

यह भी पढ़े:Modi Cabinet Expansion List : किसको मिला कौन सा मंत्रालय ? देखे पूरी सूची ।

कक्षा बारहवीं के लिए कौन से पैटर्न का किया जा रहा है इस्तेमाल?

पिछले महीने यानी कि 20 जून को ही यूपी बोर्ड ने अपनी मूल्यांकन योजना को घोषित किया था। इस योजना के तहत कक्षा बारहवीं बोर्ड परीक्षा के कक्षा 10वीं, 11वीं और 12वीं के अंक जोड़कर मूल्यांकन करने की बात कही थी। इस योजना के मुताबिक परीक्षार्थी को मिले हाई स्कूल में प्राप्त अंक के 50 फ़ीसदी, कक्षा 11 के वार्षिक और अर्धवार्षिक परीक्षा की 40 फ़ीसदी जबकि कक्षा 12 में में हुई प्री बोर्ड परीक्षाओं के मिले नंबर के आधार पर 10 फ़ीसदी जोड़कर परीक्षा परिणाम तैयार किया जाएगा।

यह भी पढ़े: कमिटमेंट करके भाईजान ने की करोड़ों की धोखाधड़ी?

कक्षा दसवीं का कैसे हो रहा है मूल्यांकन?

उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद की ओर से तैयार की गई मूल्यांकन योजना के मुताबिक कक्षा 10वीं की बोर्ड की लिखित परीक्षा का परीक्षा फल छात्र के कक्षा 9वी में प्राप्त अंकों के 50 फ़ीसदी तथा कक्षा दसवीं के प्री बोर्ड के अंगों के 50 फ़ीसदी को जोड़कर इस बार का परीक्षा फल निर्धारित किया जाएगा। यूपी बोर्ड कक्षा दसवीं और बारहवीं की रिजल्ट को कैसे और किस फार्मूला से तय किया जाए इसके लिए यूपी बोर्ड के अतिरिक्त सचिव अनुराधा शुक्ला की अध्यक्षता में एक कमेटी भी गठित की गई थी। इस कमेटी को 3910 सुझाव प्राप्त हुआ था जिसके बाद इस मूल्यांकन की योजना पर विचार करके तैयार किया गया।

यह भी पढ़े: मंत्री पद संभालते ही Jyotiraditya Scindia का FB अकाउंट हुआ हैक, मोदी के खिलाफ डाले पोस्ट ।